जबलपुर में रेजिडेंट डाॅक्टरों की काॅलर पकड़ी, थप्पड़ मारा और महिला चिकित्सक के साथ भी किया दुर्व्यवहार
नईदुनिया प्रतिनिधि, जबलपुर। नेताजी सुभाषचंद्र बोस मेडिकल काॅलेज में जूनियर डाॅक्टरों के साथ एक मरीज के स्वजनों द्वारा मारपीट और अभद्रता की घटना सामने आई है, जिसके विरोध में डाॅक्टरों ने हड़ताल और विरोध प्रदर्शन कर अपना गुस्सा जाहिर किया है।
जब नशे में धुत आरोपितों ने रेजिडेंट डाॅक्टरों का कालर पकड़ा
यह घटना चार अगस्त को आधी रात के बाद चर्चा में आई, जब नशे में धुत आरोपितों ने रेजिडेंट डाॅक्टरों का कालर पकड़ा, थप्पड़ मारा और एक महिला डाॅक्टर के साथ भी दुर्व्यवहार किया।
एफआरआइ दर्ज करने में पुलिस को 16 घंटे लग गए
सोमवार रात के इस मामले की एफआरआइ दर्ज करने में पुलिस को 16 घंटे लग गए और मंगलवार दोपहर बाद प्रकरण क्षेत्रीय गढ़ा थाने में छह आरोपितों के खिलाफ प्रकरण दर्ज हुआ।
मरीजों और उनके स्वजन को घंटों परेशान होना पड़ा
इस पूरे बवाल के बीच ओपीडी और इलाज की व्यवस्था प्रभावित रही, जिससे मरीजों और उनके स्वजन को घंटों परेशान होना पड़ा। जूनियर डाॅक्टर एसोसिएशन (जूडा) ने अस्पताल में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने की मांग की है।
डाॅक्टर का कालर पकड़कर थप्पड़ मारा
मेडिकल काॅलेज की कैज्युवल्टी में रेजिडेंट डाॅक्टरों के साथ मारपीट के मामले में बताया जाता है कि पास के क्षेत्र से चार युवक बाइक फिसलने से घायल हो गए थे। इनमें से एक को इलाज के लिए मेडिकल काॅलेज सोमवार रात करीब 1:30 बजे लाया गया।
साथी ने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू कर दिया
डाॅक्टर इलाज के दौरान घायल से घटना की जानकारी ले रहे थे। इसी बीच उसके साथी ने मोबाइल से वीडियो बनाना शुरू कर दिया। जूडा का आरोप है कि घायल युवक शराब के नशे में धुत्त थे।
तुम इलाज करो, ज्यादा पूछताछ करने की जरूरत नहीं
डाॅक्टरों के सवाल पूछने पर उसने कहा- तुम इलाज करो, ज्यादा पूछताछ करने की जरूरत नहीं। बस क्या था कहासुनी शुरू हो गई। इसके बाद मरीज के साथियों ने पीजी द्वितीय वर्ष की पढ़ाई कर रहे जूनियर डाॅक्टरों से मारपीट कर दी।
आरोपित घायल साथी को छोड़कर कैज्युवल्टी से भाग चुके थे
आरोप है कि डाॅक्टर का कालर पकड़कर थप्पड़ मारा गया और एक महिला डाॅक्टर से भी आरोपितों ने अभ्रद व्यवहार किया। सूचना पर गढ़ा थाने की पुलिस पहुंची, तब तक आरोपित घायल साथी को छोड़कर कैज्युवल्टी से भाग चुके थे।
विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज
गढ़ा थाना पुलिस ने प्रभारी डीन डाॅक्टर आशीष सेठी की शिकायत पर आरूष पटेल पिता संत कुमार पटेल जय भवानी कालोनी सिहाेरा, समर्थ गुप्ता, अर्पित, आयुष गुप्ता, रामभूषण तिवारी व शिव के खिलाफ विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया है। फिलहाल ये सभी फरार हैं।
10 दिन में पांचवीं घटना
डीन कार्यालय के बाहर प्रदर्शन कर रहे जूनियर डाक्टरों का नेतृत्व कर रहे डा. दीपक त्रिपाठी ने बताया कि पिछले 10 दिनों के भीतर डाक्टरों के साथ विवाद और मारपीट की यह पांचवीं घटना है।
ओपीडी और सेवाएं ठप
घटना के विरोध में सैकड़ों जूनियर डाक्टरों ने काम बंद कर दिया है और डीन कार्यालय के बाहर धरना पर बैठ गए। हालांकि प्रभारी डीन, अस्पताल अधीक्षक की समझाईश के बाद जूनियर डाक्टर काम पर लौट आए।
सुरक्षा की मांग
डॉक्टरों का कहना है कि लगातार हो रही इन घटनाओं से उनमें असुरक्षा की भावना बढ़ रही है। उन्होंने अस्पताल परिसर में तत्काल कड़ी सुरक्षा व्यवस्था और आरोपितों पर नकेल कसने की बात करते हुए कहा है कि रात के साथ अस्पताल परिसर में पुलिस सुरक्षा बढ़ाई जानी चाहिए। साथ ही गश्त भी तेज होना चाहिए।
सुरक्षा में चूक
घटना की जानकारी तुरंत अस्पताल प्रबंधन और गढ़ा थाना पुलिस को दी गई, लेकिन पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपित फरार हो गए।
आइएमए ने मांग पत्र सौंपा
इस बीच इंडियन मेडिकल एसोसिएशन की जबलपुर शाखा ने कलेक्टर और एसपी के नाम सीएसपी को मेडिकल कालेज परिसर में मंगलवार को एक मांग पत्र सौंपा है। जिसमें ड्यूटी के दौरान चिकित्सों की सुरक्षा की बात दोहराई।
स्वजन द्वारा मारपीट की घटना का विरोध
आइएमए ने मेडिकल काॅलेज की कैजुअल्टी में सोमवार की रात आनड्यूटी चिकित्सकों के साथ एक मरीज के स्वजन द्वारा मारपीट की घटना का विरोध किया। आईएमए अध्यक्ष डाॅ. ऋचा शर्मा, सचिव डाॅॅ. शामिख रजा सहित अन्य सदस्य इस दौरान मौजूद थे।
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