महाराष्ट्र, गुजरात, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश में साइबर ठगी का पैसा डबरा में निकला, दो आरोपी गिरफ्तार
ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने साइबर ठगी की रकम हेराफेरी करने वाले 2 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। दोनों डबरा के रहने वाले हैं।

नईदुनिया प्रतिनिधि, ग्वालियर। साइबर ठगी की रकम की हेराफेरी करने वाले दो आरोपित और पकड़े गए हैं। यह डबरा के रहने वाले हैं। इन्हें क्राइम ब्रांच की टीम ने पकड़ा है। इन लोगों ने साइबर ठगी का जो पैसा निकाला, वह वारदात महाराष्ट्र, गुजरात, उप्र और मप्र में हुई थीं।
चार राज्यों में हुई ठगी का पैसा डबरा के सराफा बाजार स्थित एटीएम से निकाला गया। इन पर एफआईआर दर्ज कर ली गई है। इस तरह की यह तीसरी एफआईआर दर्ज हुई है। यह कार्रवाई आपरेशन क्यू-एटीएम के तहत की जा रही है।
पकड़े गए आरोपितों ने डबरा के सराफा बाजार स्थित सेंट्रल बैंक ऑफ इंडिया के एटीएम से ठगी की रकम कई बार निकाली। 10 से अधिक बार इनके खाते में पैसा आया। इस आधार पर इनका खाता चिह्नित हुआ। फिर पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार कर लिया।
यह आरोपी पकड़े गए
- गौरव पुत्र मोहर सिंह रावत निवासी रावकला, थाना बड़ौनी, दतिया
- रमन पुत्र ब्रजमोहन रावत निवासी गौतम विहार, गल्ला मंडी गेट के सामने, डबरा देहात, बाशगढ़, करही गांव के पास, करेरा
सीसीटीवी कैमरे में नजर आए
जब ऑपरेशन क्यू एटीएम के तहत क्यू-एटीएम सर्वर में सुरक्षित फुटेज की जांच की गई तो यह दोनों नजर आए। इसके बाद इनकी घेराबंदी शुरू की गई। शुक्रवार रात को पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार कर लिया। इन लोगों ने ठगी का पैसा निकालकर इसे क्रिप्टो करंसी में कन्वर्ट करने की बात स्वीकार की है।