उज्जैन में ई-रिक्शा चार्जिंग के दौरान करंट लगने से ड्राइवर की मौत, सात दिन में यह तीसरी घटना
E Rickshaw Electric Shock: उज्जैन में ई-रिक्शा चार्जिंग के दौरान करंट लगने से एक और ड्राइवर की मौत हो गई। यह बीते 7 दिनों में इस तरह की तीसरी घटना है।

HighLights
- समीर ई-रिक्शा चार्जिंग पर लगा रहा था, इसी दौरान उसे तेज करंट लगा
- नीलगंगा थाना क्षेत्र में भी आनंद की चार्जिंग में करंट लगने से मौत हुई थी
- भैरवगढ़ थाना क्षेत्र में मनोहर की भी करंट लगने से मौत हो चुकी है
नईदुनिया प्रतिनिधि, उज्जैन। उज्जैन शहर में ई-रिक्शा चार्जिंग के दौरान करंट लगने की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। मंगलवार रात जीवाजीगंज थाना क्षेत्र में एक ई-रिक्शा ड्राइवर की करंट लगने से मौत हो गई। परिजन उसे तत्काल चरक अस्पताल लेकर पहुंचे, लेकिन चिकित्सकों ने परीक्षण के बाद मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
पुलिस के अनुसार कामदारपुरा निवासी समीर पुत्र मोहम्मद रफीक उम्र 32 साल ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करता था। मंगलवार रात वह काम से घर लौटा था। भोजन करने के बाद वह अपने ई-रिक्शा को चार्जिंग पर लगा रहा था। इसी दौरान उसे अचानक तेज करंट लग गया और वह गंभीर रूप से घायल हो गया। परिजन उसे तत्काल चरक अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलने पर जीवाजीगंज थाना पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। बुधवार सुबह जिला अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराया गया। मृतक समीर का एक बेटा है। उसकी असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है।
लगातार सामने आ रहे हादसे
ई-रिक्शा चार्जिंग के दौरान करंट लगने की यह हाल के दिनों में तीसरी घटना है। इससे एक दिन पहले नीलगंगा थाना क्षेत्र के कवेलू कारखाना क्षेत्र में ई-रिक्शा ड्राइवर आनंद की भी चार्जिंग के दौरान करंट लगने से मौत हो गई थी। वह वाहन को चार्जिंग पर लगा रहा था, तभी हादसा हो गया था। इसके पूर्व भैरवगढ़ थाना क्षेत्र के आबूखाना इलाके में रहने वाले ई-रिक्शा ड्राइवर मनोहर की भी करंट लगने से जान चली गई थी। लगातार हो रही इन घटनाओं ने ई-रिक्शा चालकों और उनके परिवारों की चिंता बढ़ा दी है।
सुरक्षा उपायों की जरूरत
लगातार हो रहे हादसों के बाद ई-रिक्शा ड्राइवर के बीच चार्जिंग व्यवस्था की सुरक्षा को लेकर सवाल उठने लगे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि चार्जिंग के दौरान मानक उपकरणों का उपयोग, वायरिंग की नियमित जांच और अर्थिंग की व्यवस्था सुनिश्चित करना जरूरी है, ताकि ऐसे हादसों को रोका जा सके। पुलिस ने भी लोगों से विद्युत उपकरणों का उपयोग करते समय सावधानी बरतने की अपील की है।